• शिक्षकों का गांव कैसे बना डांस बार !

    Reporter: fast headline india
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    शिक्षकों का गांव बना डांस बार ! 

     इसके विरोध में सड़क पर उतरे लोग ! 

     मुंबई-मुंबई  देश की आर्थिक राजधानी मुंबई और आईटी हब पुणे के बीच में बसे पनवेल के शिर्वाने गांव को कभी 'शिक्षकों का गांव' पुकारा जाता था। इस गांव के लगभग हर घर में टीचर हुआ करते थे। मुंबई शहर से मात्र 40 किमी दूर स्थित यह गांव अब डांस बार का हब बन गया है जहां माया नगरी से रईस लोग अक्‍सर रात गुलजार करने आते हैं।  पनवेल के इस गांव में अब 15 डांस बार और लॉज हैं। 
    मुंबई और पुणे से नजदीकी की वजह से पिछले कुछ वर्षों से पनवेल और उससे सटे इलाकों में बड़ी संख्‍या में डांस बार बन रहे हैं। इन डांस बार का स्‍थानीय लोग विरोध करते हैं। उनका कहना है कि यह उनकी परंपरा और संस्‍कृति के खिलाफ है। उनकी मांग है कि शिर्वाने गांव में चल रहे डांस बार बंद किए जाएंहाल ही में गांववालों ने शांतिपूर्ण विरोध-प्रदर्शन करके अवैध डांस बार और लॉज को बंद करने की मांग की है। उनका कहना है कि डांस बार का युवाओं पर गलत प्रभाव पड़ रहा है। गांववालों ने फैसला किया है कि हरेक ग्रामीण एक ज्ञापन लिखकर जिला कलेक्‍टर को सौंपेगा। साथ ही उनसे डांस बार और लॉज को बंद करने की मांग करेगा। 
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