• जमानत के लिए फर्जी कागजात बनाने वाली जालसाज कंपनी हुआ पर्दाफाश !

    Reporter: fast headline india
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    जमानत के लिए फर्जी कागजात बनाने वाली जालसाज कंपनी हुआ पर्दाफाश !

     क्राइम ब्रांच विभाग ने दिया कार्रवाई को अंजाम ! 

    ६ जालसाज को किया गिरफ्तार !

    उल्हासनगर-उल्हासनगर के क्राइम ब्रांच विभाग को यह जानकारी मिली थी कि कुछ लोग जमानत के जाली कागजात बनाकर के पुलिस द्वारा गिरफ्तार किए गए आरोपियों की जमानत देते हैं। इसी जानकारी के आधार पर क्राइमब्रांच ने ३ संदेहास्पद व्यक्तियों को कल्याण कोर्ट परिसर से गिरफ्तार किया। जब इनसे पूछताछ की गई तो उन्होंने बताया कि वे बनावटी दस्तावेज राशन कार्ड ,ग्राम पंचायत कर पावती ,आधार कार्ड तैयार करके बोगस जामीनदार को कोर्ट में खड़ा करते हैं और गिरफ्तारी के आरोपी को जमानत देने के काम करते हैं ।इन्होंने बनावटी जमानत के कागजों के द्वारा लगभग १ वर्षों से १२५ से १५० आरोपियों को कल्याण, उल्हासनगर और ठाणे की कोर्ट में जमानत दिला कर मा. न्यायालय की अवमानना की है। इस संदर्भ में महात्मा फुले पुलिस स्टेशन में मामला दर्ज किया गया है और इनके ऊपर भारतीय दंड विधान की धारा ४१९,४२०,४६७,४६८,७१,४७२,३४ के तहत मामला दर्ज किया गया है। इस मामले में कुल मिलाकर ६ आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है।
    इन आरोपियों में से एक के पास से ४५ फर्जी रबर स्टैंप, ५१ फर्जी राशन कार्ड, ३१८ ग्राम पंचायत कर पावती ,बनावटी आधार कार्ड और अन्य दस्तावेज बरामद हुए हैं ।यही मुख्य सूत्रधार है ,यह अपने साथियों की मदद से जामिनदारों को पैसे का लालच देकर उनका पैन कार्ड, आधार कार्ड ,राशन कार्ड पर कुटुंब प्रमुख का नाम लिखकर संबंधित कार्यालय के सभी स्टैंप मारकर हूबहू राशन कार्ड तैयार करके और संबंधित ग्राम पंचायत का बनावटी कर पावती, ग्रामसेवक का स्टैंप और बनावटी हस्ताक्षर करके बोगस जामिनदार तैयार करके बनावटी कागज पत्र के साथ कोर्ट में खड़ा करके आरोपियों को जमीन देने काम करते थे। कुछ मामलों में आरोपियों ने बनावटी आधार कार्ड निकाल कर उसके द्वारा राशन कार्ड और ग्राम पंचायत कर पावती तैयार करके आरोपियों को जमानत दिलाने का भी काम किया है, ऐसा मालूम पड़ा है। इस मामले में मुख्य सूत्रधार बनावट राशन कार्ड तैयार करने के लिए भिवंडी स्थित एक जेरोक्स सेंटर की मदद से ग्रामपंचायत नमुना नंबर 10 लेकर उल्हासनगर स्थित एक प्रिंटिंग प्रेस से छाप कर लेता था ,ऐसी जानकारी मिली है। इसी प्रकार से जप्त किया गया४५ रबर स्टैंप सोलापुर से तैयारकरके लिया गया है ,ऐसी जानकारी मिली है।जिस कोर्ट में बोगस जामिनदारों के कागज पत्रों के आधार पर आरोपियों को जमानत दिया गया है ऐसे व्यक्तियों की तलाश करके उनके ऊपर आगे की कार्रवाई की जाएगी। इस मामले में आगे की जांच वरिष्ठों के मार्गदर्शन में क्राइम ब्रांच उल्हासनगर के पुलिस निरीक्षक मनोहर पाटिल कर रहे हैं ।इस कार्रवाई को पुलिस आयुक्त ठाणे विवेक पर फणसलकर ,पुलिस आयुक्त मधुकर पांडेय, अपर पुलिस आयुक्त (क्राइम)प्रवीण पवार, पुलिस उपायुक्त(क्राइम) दीपक देवराज, सहायक पुलिस आयुक्त (क्राइम) यूनिट १ बाजीराव भोसले के मार्गदर्शन में उल्हासनगर क्राइम ब्रांच के वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक महेश तरडे ,पुलिस निरीक्षक मनोहर पाटिल, सहायक पुलिस निरीक्षक श्रीकृष्ण नावले, सहायक पुलिस निरीक्षक युवराज सालगुडे, पुलिस उपनिरीक्षक गणेश तोरगल, सहायक पुलिस उप निरीक्षक उदय पलांडे, सहायक पुलिस उप निरीक्षक सुरेंद्र पवार, वसंत पाटील,सौदागर, सहायक पुलिस उप निरीक्षक राम सिंह चव्हाण और उनकी टीम ने उनको गिरफ्त्तार करके सलाखो के पीछे डाल दिया है इनके दिऐ कागजात पर जामीन रिहा हुए लोगो पर कार्यवाही होती है क्या इस पर सब की नजरें टिकी हुई है!
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