• उमपा का रिश्वतखोर अधिकारी बना अवैध निर्माण करने वाला ठेकेदार ?

    Reporter: fast headline india
    Published:
    A- A+
    उमपा का रिश्वतखोर अधिकारी बना अवैध निर्माण करने वाला ठेकेदार ? 

     तीन अवैध आर सी सी निर्माण को दे रहा अंजाम ! 

    इससे पहले भी कई अवैध निर्माणो कर चुका है भागीदारी !

    मनपा प्रशासन की साख पर लगा रहा बट्टा ! 

    मनपा आयुक्त प्रशासन की छबि को सुधारने के करेगे ऐसे अधिकारी पर कार्यवाई ?

     उल्हासनगर-उल्हासनगर महानगर पालिका के एक रिश्वतखोर अधिकारी का जब रिश्वत के पैसे से मन नही भरा वह खुद ही अवैध निर्माण करने का ठेकेदार बन बैठा है विश्वसनीय सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक उल्हासनगर शहर में तीन अवैध बांधकाम इसके द्वारा अंजाम दिया जा रहा है इन कामो पर डमी लोगो को आगे खड़ा करके पर्दे के पीछे से पूरा पैसा लगा रहा है यही वजह है इन तीनो अवैध आर सी सी अवैध निर्माण मनपा ने अभी तक किसी प्रकार की कोई कार्यवाही नही किया है ! इन बाधकामो पर मनपा के प्रभाग अधिकारी ने सादी नोटिस तक नही दिया इसका मतलब सामने में आसानी होगी इसका मतलब सीधे वह कहावत पर फिट बैठ रही है ! "सईया भये कोतवाल अब डर काहे का"
    गौरतलब हो मनपा प्रशासन ने जब से इस रिश्वतखोर अधिकारी को शहर की बडी जिम्मेदारी तब से ही शहर में बड़े पैमाने पर अवैध आर सी सी निर्माण बनने जोर शोर से शुरू हुआ है हर अवैध बांधकाम से लाखों की वसूली करता है परंतु पैसे कमाने की चाह वही पर नही रुकी और उसने ज्यादा पैसे कमाने के चक्कर में खुद अवैध बांधकाम का ठेकेदार बनने का फैसला लिया और उल्हासनगर में तीन अवैध आर सी सी निर्माण बनाना शुरू किया है, इसमें से पहला काम है प्रभाग समिति चार की हद में गुरुकृपा अपार्टमेंट के बगल में उल्हासनगर पांच नम्बर में चालू है दूसरा काम है प्रभाग समिति तीन की हद में बैरक न, 1464 मधुकुज सोसायटी के पीछे सेक्शन 30 व्ही टि सी ग्राउड रोड उल्हासनगर 4, में तीसरा काम भी प्रभाग समिति तीन में ही बैरेक न 1480 रुम नं 3 व्ही टि सी ग्राउड सामने उल्हासनगर 4 में बनाने का कार्य जोरशोर किया जा रहा है इन कामो पर अपना नाम सामने न आये इस लिए रिश्वतखोर अधिकारी ने डमी लोगो को खड़ा रखा है, जब कि नाम सामने न आने पर शहर के कई ठेकेदारों ने भी यह बात मानी है कि यह सारे काम में वह भ्रष्ट अधिकारी का हाथ है ऐसा उनलोगों ने भी माना है, बहरहाल इसकी लिखित शिकायत भी मनपा के दोनों प्रभागों में एक समाजसेवक ने किया है परंतु अभी तक इन कामो पर कार्यवाई तो दूर एक नोटिस भी नही भेजा गया है क्योंकि इसके पीछे जब कार्यवाई करने की जवाबदारी वही अप्रत्यक्ष रूप से सम्मिलित है तो आप समझ सकते हो कार्यवाई कैसे हो सकती है अब सवाल यहाँ यह है मनपा आयुक्त अच्युत हांगे जी ऐसे रिश्वतखोर अधिकारी को कैसे सबक सिखाते है और इन अवैध निर्माणों को पूरी तरह से जमींदोज करके मनपा की छबि को जो दाग लगा उसे धोए ताकि भविष्य कोई दूसरा अधिकारी अपने पद का दुरुपयोग करने से पहले दस बार सोचे बहरहाल क्या कार्यवाही होती है यह तो आने वाले समय में सामने आएगा ! पैसे कमाने की चाह में जिस रिश्वतखोर अधिकारी ने मनपा की साख पर बट्टा लगा उसका क्या अंजाम होता है वह भी देखने लायक होगा !
  • No Comment to " उमपा का रिश्वतखोर अधिकारी बना अवैध निर्माण करने वाला ठेकेदार ? "