• महाराष्ट्र में खुल सकती हैं मिठाई और नमकीन की दुकानें !

    Reporter: first headlines india
    Published:
    A- A+
    महाराष्ट्र में खुल सकती हैं मिठाई और नमकीन की दुकानें !

     15 लाख से अधिक दैनिक मजदूरों को मिलेगी राहत ! 

    सरकार मिठाई, फ़रसान (नमकीन) और कन्फेक्शनरी की दुकान, बशर्ते वे सोशल डिस्टेंसिंग नियम के अनुसार ! 

    नॉन एसेंशिएल गुड्स की आवाजाही की अनुमति से ट्रक चालकों को मिलेगी मदद ! 

    मुंबई-मुंबई महाराष्ट्र सरकार ने बुधवार को 3 मई तक राज्य में लॉकडाउन की अधिसूचना जारी कर दी। हालांकि सरकार ने खाद्य उद्योग सहित कुछ क्षेत्रों में आर्थिक गतिविधियों को फिर से शुरू करने के लिए नियमों में ढील दी है। सरकार की ओर से मिठाई, फ़ारसन (नमकीन) और कन्फेक्शनरी बेचने वाली दुकानें खुली रह सकती हैं, बशर्ते वे सोशल डिस्टेंसिंग लागू करें। इससे पहले, राज्य सरकार ने बेकरी को फिर से खोलने की अनुमति देने के मानदंडों में ढील दी थी।मुख्य सचिव अजॉय मेहता द्वारा जारी अधिसूचना में नॉन-एसेंशिएल गुड्स, कृषि और बागवानी उत्पादों के प्रसंस्करण से संबंधित उद्योगों, पैकेजिंग और परिवहन को अंतर और अंतर-राज्य परिवहन के लिए अनुमति दी गई है। नॉन एसेंशिएल गुड्स की आवाजाही की अनुमति देने के फैसले से ट्रक चालकों को मदद मिलेगी, जो कई चेक पोस्ट पर पर सामानों के साथ फंसे हुए हैं। अब वे जिला और राज्य की सीमाओं को पार कर सकते हैं। 
    लॉकडाउन में ढील पर संशोधित दिशानिर्देश से 20 अप्रैल के बाद राज्य में अनुमानित 15 लाख दैनिक वेतन भोगियों को राहत मिलेगी। जल संसाधन विभाग के सचिव आई. एस. चहल के अनुसार, लॉकडाउन मानदंडों में ढील दिए जाने के बाद राज्य भर में सिंचाई परियोजनाओं पर 15,700 से अधिक दैनिक श्रमिकों के काम पर वापस आने की उम्मीद है। विभाग की 313 परियोजनाएं चल रही हैं। कृषि सचिव एकनाथ दावाले ने कहा, महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी के तहत काम बंद कर दिया गया था, लेकिन अब नए दिशानिर्देशों के मद्देनजर, उन्हें 20 अप्रैल से फिर से शुरू किया जा सकता है। इससे 2.6 लाख से अधिक लोगों को रोजगार मिल सकता है। छूट के बाद, निर्माण, लघु उद्योग और कृषि क्षेत्र के लिए सबसे बड़ी वृद्धि होगी। इस क्षेत्र में लगभग पांच लाख लोग लगे हैं। राज्य में 12 लाख से अधिक पंजीकृत 15 लाख से अधिक दैनिक मजदूरों को मिलेगी राहत लॉकडाउन में ढील पर संशोधित दिशानिर्देश से 20 अप्रैल के बाद राज्य में अनुमानित 15 लाख दैनिक वेतन भोगियों को राहत मिलेगी। जल संसाधन विभाग के सचिव आई. एस. चहल के अनुसार, लॉकडाउन मानदंडों में ढील दिए जाने के बाद राज्य भर में सिंचाई परियोजनाओं पर 15,700 से अधिक दैनिक श्रमिकों के काम पर वापस आने की उम्मीद है। विभाग की 313 परियोजनाएं चल रही हैं। कृषि सचिव एकनाथ दावाले ने कहा, महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी के तहत काम बंद कर दिया गया था, लेकिन अब नए दिशानिर्देशों के मद्देनजर, उन्हें 20 अप्रैल से फिर से शुरू किया जा सकता है। इससे 2.6 लाख से अधिक लोगों को रोजगार मिल सकता है। छूट के बाद, निर्माण, लघु उद्योग और कृषि क्षेत्र के लिए सबसे बड़ी वृद्धि होगी। इस क्षेत्र में लगभग पांच लाख लोग लगे हैं। राज्य में 12 लाख से अधिक पंजीकृत निर्माण श्रमिक हैं। अनुमान है कि 10 लाख निर्माण श्रमिक काम पर वापस आ जाएंगे। श्रमिक हैं। अनुमान है कि 10 लाख निर्माण श्रमिक काम पर वापस आ जाएंगे।
  • 1 comment to ''महाराष्ट्र में खुल सकती हैं मिठाई और नमकीन की दुकानें !"

    ADD COMMENT
    1. What about optical shops?
      Spectacle is a medical device
      The government should allow optical shops to open in orange and green zones

      ReplyDelete